मेरठ में एक लेडी कॉन्स्टेबल की कथित किडनैपिंग की घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। शादी से ठीक पहले हल्दी और मेहंदी की रस्मों के बाद महिला सिपाही का अचानक लापता होना, फिर आठ घंटे बाद बरामदगी और उसके बाद सामने आया लव अफेयर का एंगल — इस पूरे मामले ने पुलिस से लेकर गांववालों तक को चौंका दिया। जो मामला पहले अपहरण का लग रहा था, वह अब प्रेम-प्रसंग और मर्जी से घर छोड़ने की कहानी बनता जा रहा है।
उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में शनिवार शाम एक ऐसी घटना घटी, जिसने पूरे गांव को हिला कर रख दिया। बहसूमा थाना क्षेत्र के गांव अकबरपुर सादात में 25 वर्षीय महिला कॉन्स्टेबल की शादी की तैयारियां जोरों पर थीं। घर में हल्दी और मेहंदी की रस्में पूरी हो चुकी थीं। दुल्हन के हाथों में मेहंदी रची थी, रिश्तेदार और बाराती स्वागत की तैयारियों में जुटे थे, लेकिन किसी ने सोचा भी नहीं था कि कुछ ही घंटों में यह खुशियों का माहौल सनसनी और डर में बदल जाएगा।
अचानक लापता हुई लेडी कॉन्स्टेबल
शनिवार शाम हल्दी की रस्म के बाद महिला कॉन्स्टेबल अचानक घर से गायब हो गई। पहले तो परिजनों ने सोचा कि वह किसी काम से बाहर गई होगी, लेकिन जब काफी देर तक उसका कोई पता नहीं चला, तो घरवालों की चिंता बढ़ गई। फोन भी बंद मिलने लगा। देखते ही देखते गांव में अफवाह फैल गई कि दुल्हन का अपहरण हो गया है।
पुलिस में मचा हड़कंप, अपहरण का केस दर्ज
परिजनों ने तुरंत बहसूमा थाने में सूचना दी। मामला एक महिला पुलिसकर्मी से जुड़ा था, इसलिए पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। अपहरण की आशंका जताते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई शुरू की। जांच के दौरान सामने आया कि मवाना थाने का हिस्ट्रीशीटर अंकित चौहान इस मामले में संदिग्ध है।
8 घंटे में बरामदगी, लेकिन आरोपी फरार
मेरठ पुलिस ने कई टीमों का गठन कर छापेमारी शुरू की। महज आठ घंटे के भीतर पुलिस ने महिला कॉन्स्टेबल को मेरठ के बक्सर इलाके से सुरक्षित बरामद कर लिया। हालांकि, मुख्य आरोपी अंकित चौहान मौके से फरार होने में कामयाब रहा। महिला के सुरक्षित मिलने से परिवार और पुलिस ने राहत की सांस ली, लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई।
पूछताछ में आया चौंकाने वाला ट्विस्ट
महिला कॉन्स्टेबल से जब पुलिस ने पूछताछ की, तो पूरा मामला ही पलट गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, महिला सिपाही ने साफ कहा कि उसका अपहरण नहीं हुआ था, बल्कि वह अपनी मर्जी से अंकित चौहान के साथ गई थी। उसने जाने से पहले घरवालों को फोन कर यह भी कहा था कि वह बालिग है और अपने फैसले लेने का अधिकार रखती है।
पहले से थी जान-पहचान, गांव से जुड़ा कनेक्शन
सीओ पंकज लवानिया ने बताया कि महिला सिपाही और हिस्ट्रीशीटर अंकित चौहान के बीच पहले से जान-पहचान थी। महिला की बुआ ढिकोली गांव में रहती है। वहीं आने-जाने के दौरान दोनों की मुलाकात हुई और धीरे-धीरे यह जान-पहचान नजदीकियों में बदल गई।
कौन है अंकित चौहान?
अंकित चौहान मवाना थाने का कुख्यात हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ मेरठ के दो थानों में कुल 11 मुकदमे दर्ज हैं। मई 2025 में उसने अपने साथियों के साथ मिलकर शराब के ठेके पर लूटपाट की थी। इस दौरान हुए पुलिस एनकाउंटर में उसके पैर में गोली लगी थी। बाद में उसे जेल भेज दिया गया, जहां से वह कुछ दिन पहले ही जमानत पर बाहर आया था।
गैंगस्टर एक्ट तक लगा हुआ है
अंकित चौहान पर शराब ठेके के सेल्समैन की हत्या और लूट के बाद गैंगस्टर एक्ट के तहत भी केस दर्ज है। ऐसे व्यक्ति के साथ एक महिला पुलिसकर्मी का नाम जुड़ना पुलिस विभाग के लिए भी गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।
शादी टूटी, परिवार सदमे में
महिला कॉन्स्टेबल की शादी मुजफ्फरनगर के एक थाने में तैनात कॉन्स्टेबल से तय हुई थी। शनिवार रात ही बारात आने वाली थी। अपहरण की खबर सुनते ही महिला के पिता की तबीयत बिगड़ गई और उन्हें इलाज के लिए ले जाना पड़ा। अब, पूरे घटनाक्रम के बाद महिला सिपाही ने शादी से इनकार कर दिया है।
कोर्ट में दर्ज होंगे बयान
पुलिस के मुताबिक, सोमवार को महिला कॉन्स्टेबल के बयान कोर्ट में दर्ज कराए जाएंगे। इसके बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि यह मामला कानूनन किस दिशा में जाएगा। फिलहाल पुलिस फरार आरोपी अंकित चौहान की तलाश में दबिश दे रही है।
सवालों के घेरे में सिस्टम
यह मामला केवल एक प्रेम-प्रसंग या पारिवारिक विवाद तक सीमित नहीं है, बल्कि पुलिस सिस्टम, नैतिकता और कानून व्यवस्था पर भी कई सवाल खड़े करता है। एक ओर वर्दी में तैनात महिला सिपाही और दूसरी ओर 11 मुकदमों वाला गैंगस्टर — यह कहानी किसी फिल्मी स्क्रिप्ट से कम नहीं लगती।