उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले से एक ऐसा दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जिसने रिश्तों की पवित्रता और इंसानियत दोनों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। शराब के लिए पैसे न मिलने पर एक बेटे ने अपनी ही मां को लोहे की रॉड से बेरहमी से पीट-पीटकर मार डाला। हैरानी की बात यह रही कि हत्या के बाद भी आरोपी बेटा वहीं बैठकर अपनी मां को तड़पते हुए देखता रहा। यह खौफनाक वारदात पूरे इलाके में सनसनी का कारण बन गई है।
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में इंसानियत को शर्मसार कर देने वाली एक घटना सामने आई है। यहां एक बेटे ने शराब के लिए पैसे न देने पर अपनी ही मां की बेरहमी से हत्या कर दी। इस दिल दहला देने वाली वारदात ने न सिर्फ परिवार को उजाड़ दिया, बल्कि पूरे गांव को सदमे में डाल दिया है। यह ताजा मामला फतेहपुर जिले के मालवा थाना क्षेत्र के बरमतपुर गांव का है। जहां 23 वर्षीय युवक अरविंद कुमार ने अपनी 43 वर्षीय मां माया देवी को लोहे की रॉड से इस कदर पीटा कि उनकी मौके पर ही हालत गंभीर हो गई। सबसे भयावह पहलू यह रहा कि मां को घायल करने के बाद भी आरोपी बेटा वहीं बैठा रहा और तड़पती हुई मां को मरता देखता रहा।
शराब की लत बनी मौत की वजह
मृतका माया देवी के पति रामचंद्र रैदास ने पुलिस को बताया कि उनके दो बेटे हैं। बड़ा बेटा अरविंद कुमार शराब का आदी है, जबकि छोटा बेटा निजी काम करता है। अरविंद आए दिन शराब के लिए मां से पैसे मांगता था और मना करने पर झगड़ा करता था। घटना वाले दिन भी यही हुआ। शाम करीब चार बजे अरविंद नशे की हालत में घर पहुंचा और मां से शराब के लिए पैसे मांगने लगा। माया देवी ने जब पैसे देने से इनकार किया तो अरविंद बेकाबू हो गया। गुस्से में उसने घर में खड़ी मोटरसाइकिल के सॉकर (लोहे की रॉड) को उठाया और मां पर ताबड़तोड़ वार करने लगा।
चीखों से कांपा मोहल्ला
लोहे की रॉड से किए गए वारों से माया देवी लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़ीं। उनकी चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग दौड़कर मौके पर पहुंचे। घर के अंदर का नजारा देखकर हर किसी के होश उड़ गए। चारों ओर खून फैला हुआ था और माया देवी दर्द से तड़प रही थीं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अरविंद ने मां को मारने के बाद भी कोई मदद नहीं की, बल्कि नशे की हालत में वहीं बैठकर उन्हें तड़पते हुए देखता रहा। जब पड़ोसियों ने उसे ललकारा तो वह मौके से फरार हो गया।
अस्पताल में तोड़ा दम
परिजनों और ग्रामीणों ने आनन-फानन में गंभीर रूप से घायल माया देवी को जिला अस्पताल पहुंचाया। हालत नाजुक देखते हुए डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें कानपुर के हैलट हॉस्पिटल रेफर कर दिया। हालांकि, तमाम कोशिशों के बावजूद इलाज के दौरान माया देवी ने दम तोड़ दिया। माया देवी की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पति रामचंद्र और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
आरोपी बेटा गिरफ्तार
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस हरकत में आई। मालवा थाना पुलिस ने आरोपी अरविंद कुमार की तलाश शुरू की और उसे दीवान के पूर्व मोड़ नहर पुलिया से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी घटना के वक्त नशे में था और उसके खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
पिता की तहरीर पर केस दर्ज
थाना प्रभारी विनोद कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि मृतका के पति रामचंद्र रैदास की तहरीर पर आरोपी बेटे के खिलाफ हत्या की धारा में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
रिश्तों पर लगा कलंक
यह घटना सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी है। शराब की लत किस हद तक इंसान को अमानवीय बना सकती है, इसका यह सबसे भयावह उदाहरण है। जिस मां ने नौ महीने कोख में रखा, उसी मां की जान लेना रिश्तों की मर्यादा को तार-तार कर देता है। बरमतपुर गांव में इस घटना के बाद मातम पसरा हुआ है। हर कोई यही सवाल कर रहा है कि क्या नशा इंसान को इतना अंधा बना देता है कि वह अपनी जन्म देने वाली मां को भी नहीं पहचान पाता?