उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले के तिलहर थाना क्षेत्र में मंगलवार रात एक तेज रफ्तार कार हादसे ने उस समय सनसनी फैला दी, जब बरेली दंगे के मुख्य आरोपी मौलाना तौकीर रजा के बेटे फरमान रजा की कार रोडवेज बस से टकरा गई। हादसे के बाद पुलिस ने कार की तलाशी ली, जिसमें एक ट्रॉली सूटकेस बरामद हुआ। सूत्रों के अनुसार, सूटकेस में कथित तौर पर नशीले पदार्थ मिलने की बात सामने आ रही है, जिसके बाद फरमान रजा को पुलिस हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले से मंगलवार देर रात एक ऐसा मामला सामने आया, जिसने कानून व्यवस्था, राजनीति और सामाजिक हलकों में हलचल मचा दी है। बरेली दंगे के कथित मास्टरमाइंड और इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल (IMC) के प्रमुख मौलाना तौकीर रजा के बेटे फरमान रजा की कार तिलहर थाना क्षेत्र में एक रोडवेज बस से पीछे से जा टकराई। यह हादसा केवल एक सड़क दुर्घटना बनकर नहीं रह गया, बल्कि इसके बाद हुई पुलिस कार्रवाई ने पूरे मामले को संदिग्ध और सनसनीखेज बना दिया।
तेज रफ्तार और जोरदार टक्कर
पुलिस और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, फरमान रजा मंगलवार रात करीब 9:30 बजे शाहजहांपुर से लौट रहे थे। जैसे ही उनकी कार तिलहर के कचियानी खेड़ा स्थित हनुमान मंदिर के पास पहुंची, वह अनियंत्रित होकर आगे चल रही रोडवेज बस में पीछे से जा घुसी। टक्कर इतनी तेज थी कि मौके पर अफरा-तफरी मच गई और कुछ देर के लिए यातायात भी प्रभावित हो गया।
मौके पर जुटी भीड़, पुलिस को सूचना
हादसे की आवाज सुनकर आसपास के लोग घटनास्थल पर जमा हो गए। स्थानीय लोगों का कहना है कि कार की रफ्तार काफी ज्यादा थी। घटना की सूचना मिलते ही तिलहर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लिया।
कार की तलाशी में मिला सूटकेस
पुलिस ने जब दुर्घटनाग्रस्त कार की तलाशी ली तो उसकी डिग्गी से एक ट्रॉली सूटकेस बरामद हुआ। पुलिस सूत्रों का दावा है कि इस सूटकेस में कथित तौर पर नशीले पदार्थ पाए गए हैं। हालांकि, पुलिस प्रशासन ने अभी तक आधिकारिक रूप से बरामदगी की पुष्टि नहीं की है और फॉरेंसिक जांच की बात कही जा रही है।
फरमान रजा पुलिस हिरासत में
हादसे के तुरंत बाद पुलिस ने फरमान रजा को हिरासत में ले लिया। साथ ही, रोडवेज बस के चालक को भी पूछताछ के लिए थाने ले जाया गया। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि हादसे के समय फरमान रजा नशे की हालत में थे या नहीं।
स्थानीय लोगों का दावा
स्थानीय लोगों का कहना है कि फरमान रजा की कार बहुत तेज गति से चल रही थी। कुछ लोगों ने यह भी आशंका जताई कि चालक नशे में हो सकता है। इन्हीं बिंदुओं को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने मेडिकल जांच कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
पुलिस का आधिकारिक बयान
तिलहर कोतवाली इंस्पेक्टर जुगल किशोर पाल ने बताया कि,
“हादसे के संबंध में जांच की जा रही है। कार से बरामद सूटकेस की गहन जांच कराई जा रही है। मेडिकल रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।”
जांच के अहम बिंदु
- पुलिस इस मामले में कई पहलुओं पर जांच कर रही है:
- हादसे के समय वाहन की गति
- ड्राइवर की मानसिक और शारीरिक स्थिति
- सूटकेस में मिले पदार्थ की प्रकृति
- नशीले पदार्थ की मात्रा और स्रोत
- क्या मामला NDPS एक्ट के तहत आता है
राजनीतिक पृष्ठभूमि ने बढ़ाई संवेदनशीलता
गौरतलब है कि फरमान रजा, बरेली दंगे के आरोपी मौलाना तौकीर रजा के बेटे हैं। मौलाना तौकीर रजा पहले से ही एक संवेदनशील और विवादित नाम रहे हैं। ऐसे में उनके बेटे का नाम इस तरह के मामले में सामने आना राजनीतिक और सामाजिक दृष्टि से भी काफी अहम माना जा रहा है।
कानूनी प्रक्रिया जारी
फिलहाल पुलिस किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले मेडिकल रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच का इंतजार कर रही है। अधिकारी साफ तौर पर कह रहे हैं कि जांच पूरी होने के बाद ही यह तय किया जाएगा कि किन धाराओं में मुकदमा दर्ज होगा।
तिलहर में हुआ यह हादसा अब सिर्फ एक सड़क दुर्घटना नहीं रहा। कार से सूटकेस की बरामदगी और उसमें कथित नशीले पदार्थ की आशंका ने मामले को गंभीर और संवेदनशील बना दिया है। आने वाले दिनों में जांच रिपोर्ट के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि फरमान रजा पर लगे आरोप कितने ठोस हैं।